डोनाल्ड ट्रंप ने भारत पर लगाया 26% जवाबी शुल्क, समीक्षा करने में लगी भारत सरकार, चीन पर थोपा 34% और कंबोडिया पर 49%।

डोनाल्ड ट्रंप ने भारत पर लगाया 26% जवाबी शुल्क, समीक्षा करने में लगी भारत सरकार, चीन पर थोपा 34% और कंबोडिया पर 49%।

Donald Trump Reciprocal Tariffs: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने सभी देशों पर रेसिप्रोकल टैरिफ का ऐलान कर दिया है। ट्रंप के इस टैरिफ अटैक पर कई देशों ने पलटवार करने का ऐलान किया है तो कई अभी चुप हैं। वहीं, भारत सरकार अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के जवाबी शुल्कों (Tariffs) के एलान पर गहरी नजर बनाए हुए हैं और उसके प्रभाव की समीक्षा कर रही है। वाणिज्य मंत्रालय भारत पर लगाए गए 26% अमेरिकी पारस्परिक टैरिफ या आयात शुल्क के प्रभाव का विश्लेषण कर रहा है। एक वरिष्ठ सरकारी अधिकारी ने गुरुवार को बताया कि अमेरिका में सभी आयातों पर सार्वभौमिक 10% टैरिफ 5 अप्रैल से और शेष 16% टैरिफ 10 अप्रैल से लागू होंगे। अधिकारी के अनुसार, यह हमारे लिए झटका नहीं है। इसका प्रभाव बहुत ज्यादा नहीं होने वाला है। इसका मिलाजुला असर ही देखने को मिल सकता है।

सरकारी अधिकारी ने कहा, ‘मंत्रालय टैरिफ के प्रभाव का विश्लेषण कर रहा है।’ उन्होंने यह भी कहा कि एक प्रावधान है कि यदि कोई देश अमेरिका की चिंताओं का समाधान करता है या उसे दूर करने का प्रयास करता है तो ट्रंप प्रशासन उस देश के खिलाफ शुल्क कम करने पर विचार कर सकता है। भारत पहले से ही अमेरिका के साथ द्विपक्षीय व्यापार समझौते पर बातचीत कर रहा है। दोनों देश इस साल की शरद ऋतु (सितंबर-अक्टूबर) तक समझौते के पहले चरण को अंतिम रूप देने की कोशिश कर रहे हैं। अधिकारी ने कहा, ‘यह मिलाजुल प्रभाव लेकर आएगा। इसका एकतरफा परिणाम देखने को नहीं मिलेगा। भारत के लिए कोई झटका नहीं है।’

मोदी मेरे अच्छे दोस्त, फिर भी लेते हैं 52% शुल्क – ट्रंप

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इससे पहले अमेरिकी उत्पादों पर भारत की ओर से लगाए गए उच्च शुल्कों को सूचीबद्ध किया। उन्होंने सभी देशों पर पारस्परिक शुल्कों की घोषणा की। इसके तहत भारत पर 26% पारस्परिक शुल्क लगाने का एलान किया गया। जवाबी टैरिफ की घोषणा करते हुए ट्रंप ने कहा कि हमारे देश को अन्य देशों की तरफ से लूटा गया है। अमेरिकी करदाताओं को 50 से अधिक वर्षों से ठगा जा रहा है, लेकिन अब ऐसा नहीं चलेगा। ट्रंप ने कहा, ‘भारत, बहुत-बहुत सख्त। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अभी-अभी गए हैं। वह मेरे बहुत अच्छे दोस्त हैं, लेकिन मैंने कहा कि आप मेरे दोस्त हैं, पर आप हमारे साथ सही व्यवहार नहीं कर रहे हैं। वे हमसे 52% शुल्क लेते हैं।’

फेडरेशन ऑफ इंडिया एक्सपोर्ट ऑर्गेनाइजेशंस के महानिदेशक अजय सहाय ने कहा कि भारत पर लगाया गया टैरिफ वियतनाम और बांग्लादेश जैसे प्रमुख प्रतिस्पर्धियों की तुलना में कम है। इससे भारतीय परिधान और फुटवियर क्षेत्रों को मदद मिल सकती है। इसका मतलब है कि भारत के कपड़े और जूते दूसरे देशों के मुकाबले सस्ते होंगे, जिससे उनकी बिक्री बढ़ सकती है। लगभग 14 बिलियन डॉलर के इलेक्ट्रॉनिक्स उत्पाद और 9 बिलियन डॉलर से ज़्यादा के रत्न और आभूषण उन शीर्ष क्षेत्रों में शामिल हैं जिन पर अमेरिकी टैरिफ का असर पड़ेगा। 26% का टैरिफ ऑटो पार्ट्स और एल्यूमीनियम उत्पादों पर लागू नहीं होगा, लेकिन उन पर 25% का टैरिफ लगेगा जिसकी घोषणा ट्रंप ने पहले की थी।